मध्यप्रदेश

मध्यप्रदेश में बीजेपी के नेता और मंत्रियों के मिलने से हो रही है सियासी हलचल

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भोपाल – मध्यप्रदेश के दमोह उपचुनाव में बीजेपी को मिली हार के बाद सियासी हलचल तेज हो गई है। इस सियासी हलचल का केन्द्र बिन्दु गृह मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्रा हैं।

वहीं कैलाश विजयवर्गीय और केन्द्रीय मंत्री प्रहलाद पटेल ने भी प्रदेश में सक्रियता बढ़ा दी है। इसे प्रदेश में बीजेपी के अंदर एक नए सियासी समीकरण के रुप में देखा जा रहा है।

बता दें पिछले सप्ताह मध्यप्रदेश बीजेपी का संगठन प्रहलाद पटेल के दिल्ली निवास पर चाय पीने गया था। उनके निवास पर हुई बैठक में प्रदेश अध्यक्ष वीडी शर्मा, संगठन महामंत्री सुहास भगत पहुंचे थे। वहीं दमोह उपचुनाव के बाद प्रहलाद पटेल बीजेपी प्रदेश कार्यालय पहुंचे थे।

अब बंगाल चुनाव के बाद कैलाश विजयवर्गीय ने भी प्रदेश में अपनी सक्रियता बढ़ा दी है। अभी कुछ दिन पहले ही कैलाश विजयवर्गीय नरोत्तम मिश्रा के बंगले गए थे।

वहीं वरिष्ठ नेता प्रभात झा भी नरोत्तम मिश्रा से मिलने उनके निवास पहुंचे थे। मुलाकात के बाद प्रभात झा ने मीडिया से कहा कि यहां नहीं आएंगे तो कहां जाएंगे। नरोत्तम ग्वालियर के हैं। सामान्य भेंट करने आया था।

प्रभात झा ने बड़े नेताओं की आपस मे हो भेंट को लेकर कहा कि हम सबका भाव क्लियर है। हम मंत्रियों से नहीं मिलेंगे तो किस से मिलेंगे। प्रदेश अध्यक्ष से नहीं मिलेंगे तो किस से मिलेंगे। उन्होंने मुख्यमंत्री की प्रशंसा करते हुए कहा कि वे रात दिन लगे रहते है। और मैं उनको प्रदेश का सबसे बड़ा कोरोना वॉरियर मानता हूं।

जानकारी मिली है कि 2 जून को नरोत्तम मिश्रा ने नगरीय प्रशासन मंत्री भूपेंद्र सिंह से मुलाकात की। इस मुलाकात के बाद अरविंद भदौरिया नगरीय प्रशासन मंत्री भूपेंद्र सिंह के निवास पर पहुंचे थे। नेताओं के बीच हो रही मेल मुलाकात के बाद सियासी गलियारे में चर्चाएं तेज हो गई है।

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