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इंडिया पवेलियन का उद्घाटन, अनुराग ठाकुर बोले- भारत का सिनेमा उड़ना चाहता है

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75वें कान्स फिल्म समारोह में सूचना एवं प्रसारण मंत्री अनुराग ठाकुर ने इंडिया पवेलियन का उद्घाटन किया। इस मौके पर उन्होंने कहा कि हमने राष्ट्रीय फिल्म विरासत मिशन के तहत दुनिया की सबसे बड़ी फिल्म संरक्षण परियोजना शुरू की है। इस अभियान में विभिन्न भाषाओं की 2200 फिल्मों का पुनरुद्धार किया जाएगा।

केंद्रीय मंत्री ने कहा कि मुझे आज कान्स में भारत में विदेशी फिल्मों के ऑडियो-विजुअल सह-निर्माण और शूटिंग के लिए एक प्रोत्साहन योजना की घोषणा करते हुए खुशी हो रही है, जिसमें 260,000 डॉलर की सीमा के साथ 30% तक नकद प्रोत्साहन दिया जाएगा।

अनुराग ठाकुर ने कहा कि भारत का सिनेमा उड़ना चाहता है, दौड़ना चाहता है लेकिन रुकना नहीं चाहता। इस साल भारत दुनिया भर के दर्शकों को देश के शानदार सिनेमा, तकनीकी प्रगति, संस्कृति और कहानी कहने की शानदार विरासत देना चाहता है। अनुराग ठाकुर ने आगे कहा कि हम भारत को दुनिया का कंटेंट हब बनाने, फिल्म निर्माण और पोस्ट-प्रोडक्शन के लिए भारत को दुनिया का गंतव्य बनाने के लिए जो कुछ भी कर सकते हैं, वह करेंगे।

इसके साथ ही उन्होंने आईएफएफआई गोवा 2022 का हिस्सा बनने के लिए सभी को एक खुला निमंत्रण देता हूं। उन्होंने कहा कि मार्चे डू फिल्म में, इस वर्ष भारत वैश्विक दर्शकों को देश की सिनेमाई उत्कृष्टता, तकनीकी कौशल, समृद्ध संस्कृति और कहानी कहने की शानदार विरासत का स्वाद देना चाहता है।

फिल्म निर्देशक शेखर कपूर ने कहा कि भारत कहानियों की भूमि है। हमें विश्वास के साथ आगे आना होगा कि विश्व हमें स्वीकार करेगा। कान्स के आयोजन से ज्यादा जरूरी है कि इसके बाद इसके परिणाम का इस्तेमाल हम कैसे करते हैं।

सीबीएफसी अध्यक्ष, लेखक और कवि प्रसून जोशी ने कहा कि कोई भी संस्कृति जो आत्मविश्वासी हो जाती है, अपने मूल को प्रकट करना शुरू कर देती है। क्या हमने ऐसा करना शुरू कर दिया है? क्या हम अपने मूल स्वरूप को प्रकट करने के लिए पर्याप्त आश्वस्त हैं? यही विश्वास हमें यहां से वापस लेना होगा।

अभिनेत्री दीपिका पादुकोण ने कहा कि मैं बहुत गर्व महसूस कर रही हूं। 15 साल पहले जब मैं इस इंडस्ट्री में आई थी। तो किसी को भी मेरी प्रतिभा या कला में विश्वास नहीं था। 15 साल बाद जूरी पैनल का हिस्सा बनकर विश्व के सबसे बेहतरीन सिनेमा का अनुभव लेना मेरे लिए खुशी की बाद है, मैं शुक्रगुज़र हूं।

अभिनेता नवाजुद्दीन सिद्दीकी ने कहा कि हमारे देश में बहुत स्टोरी हैं जो लॉकल हैं, लेकिन वैश्विक स्तर पर वे काफी काम कर सकती हैं। हमारे यहां हर जगह एक कहानी है। ऐसी फिल्मों को प्रोत्साहन बहुत कम मिलता है। मैं उम्मीद करता हूं कि अनुराग ठाकुर जी इस तरह की फिल्मों को बढ़ावा देने में मदद करेंगे।

 

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