उत्तर प्रदेश

UP Schools: बच्चों की पढ़ाई और नामांकन पर बढ़ेगी निगरानी, परिषदीय स्कूलों में शैक्षिक स्थिति पर रखी जाएगी नजर

लखनऊ। उत्तर प्रदेश के परिषदीय विद्यालयों में बच्चों के नामांकन, शैक्षिक स्थिति और विद्यालयी गतिविधियों की निगरानी व्यवस्था को और मजबूत किया जाएगा। इसके लिए वर्ष 2026-27 में एमआईएस (यू-डायस प्लस) और चाइल्ड ट्रैकिंग सिस्टम के प्रभावी संचालन के लिए 6.55 करोड़ रुपये का बजट स्वीकृत किया गया है। महानिदेशक, स्कूल शिक्षा एवं राज्य परियोजना निदेशक मोनिका रानी ने सभी जिला बेसिक शिक्षा अधिकारियों को धनराशि के उपयोग और निगरानी के संबंध में दिशा-निर्देश जारी किए हैं।

655 लाख से मजबूत होगी स्कूलों की निगरानी व्यवस्था

कुल 655.01 लाख रुपये में से 262 लाख रुपये एमआईएस (यू-डायस प्लस) और 393.01 लाख रुपये चाइल्ड ट्रैकिंग सिस्टम के लिए निर्धारित किए गए हैं। यह धनराशि विद्यालय स्तर पर स्कूल प्रबंध समिति (एसएमसी) के माध्यम से निर्धारित गतिविधियों पर खर्च की जाएगी।

U-DISE Plus के लिए 262 लाख

यू-डायस प्लस के माध्यम से विद्यालयों और विद्यार्थियों से संबंधित आंकड़ों के संकलन और उनके उपयोग को प्रभावी बनाया जाएगा। इससे नामांकन और बच्चों की शैक्षिक स्थिति से जुड़े आंकड़ों की निगरानी भी बेहतर होने की उम्मीद है। धनराशि के उपयोग की निगरानी के लिए जिला और विद्यालय स्तर पर जिम्मेदारियां तय की गई हैं।

चाइल्ड ट्रैकिंग सिस्टम को ₹393.01 लाख

वहीं, चाइल्ड ट्रैकिंग सिस्टम के जरिए विद्यार्थियों की शैक्षिक स्थिति और उनकी प्रगति पर निगरानी रखने की व्यवस्था को मजबूत किया जाएगा। सरकार का जोर प्रत्येक विद्यार्थी की विशिष्ट अपार आईडी को चाइल्ड ट्रैकिंग सिस्टम से जोड़ने पर भी है। इससे विद्यार्थी की पहचान के साथ उसकी शैक्षिक जानकारी को व्यवस्थित रूप से दर्ज और ट्रैक करने में मदद मिलेगी।

BSA करेंगे खर्च और योजनाओं की प्रगति की समीक्षा

जिला बेसिक शिक्षा अधिकारियों को एसएमसी स्तर पर किए गए व्यय की प्रगति की समीक्षा करने और निर्धारित पोर्टल पर उपलब्ध सूचनाओं के आधार पर निगरानी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। सरकार का उद्देश्य डिजिटल आंकड़ों के बेहतर उपयोग के साथ विद्यालयी प्रबंधन में पारदर्शिता और जवाबदेही बढ़ाना है। संदीप सिंह, राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार), बेसिक शिक्षा ने कहा कि सरकार विद्यालयी व्यवस्था को अधिक पारदर्शी और जवाबदेह बनाने के साथ हर बच्चे की शैक्षिक प्रगति पर प्रभावी नजर सुनिश्चित कर रही है।

डिजिटल सिस्टम से बढ़ेगी स्कूल प्रबंधन में पारदर्शिता

एमआईएस और चाइल्ड ट्रैकिंग सिस्टम से बच्चों से जुड़ी जानकारी के बेहतर उपयोग को नई मजबूती मिलेगी। मोनिका रानी, महानिदेशक, स्कूल शिक्षा ने निर्देश दिए कि एमआईएस, यू-डायस प्लस और चाइल्ड ट्रैकिंग सिस्टम का प्रभावी उपयोग सुनिश्चित किया जाए।

हर बच्चे की शैक्षिक प्रगति पर प्रभावी नजर रखने की तैयारी

अपार आईडी के माध्यम से विद्यार्थियों की जानकारी को व्यवस्थित रूप से जोड़ने के साथ एसएमसी स्तर पर स्वीकृत धनराशि का निर्धारित मद में पारदर्शी उपयोग और नियमित निगरानी की जाए।

Related Articles

Back to top button

mahjong ways

slot777

slot gacor