विविध

पंचकूला में उत्पात पर स्थानीय लोगों ने जताया गुस्सा

पंचकूला। डेरा सच्चा सौदा के प्रमुख गुरमीत राम रहीम को बलात्कार का दोषी ठहराए जाने के बाद शुक्रवार को भड़की हिंसा का केंद्र रहे पंचकूला में असहज करने वाली चुप्पी पसरी हुई है और आज भी यहां सुरक्षा बल हाई अलर्ट पर हैं। शुक्रवार को हुई हिंसा में 31 लोगों की मौत हुई है। स्थानीय लोग इस हिंसा से स्तब्ध हैं और गुस्से में हैं। इनमें से कई लोग सवाल उठा रहे हैं कि आखिर प्रशासन समय रहते स्थिति का आकलन करने और इसके नियंत्रण में विफल कैसे हो गया।

यहां रहने वाले एक युवक ने उस भयावह मंजर को याद करते हुए कहा, ‘‘हम डर की हालत में जी रहे हैं। कल और पिछले कुछ दिनों से हम यह समझने की कोशिश कर रहे हैं कि यह पंचकूला है या किसी युद्ध प्रभावित देश का शहर?’’ हिंसा के बाद हरियाणा और पंजाब के कई हिस्सों में कर्फ्यू लगा दिया गया है। अधिकारियों ने कहा कि आज सुबह कई स्थानों पर कर्फ्यू में ढील दी गई, ताकि लोग जरूरी सामान खरीद सकें। अधिकारियों ने बताया कि दोनों राज्यों में कई स्थानों पर सेना ने फ्लैग मार्च किए हैं। दोषी ठहराए जाने के बाद गुरमीत राम रहीम को कड़ी सुरक्षा के बीच रोहतक स्थित सुनारिया में बनी एक अस्थायी जेल में रखा गया है।

अधिकारियों ने बताया कि इलाके में केंद्रीय बलों को तैनात किया गया है। डेरा सच्चा सौदा के अनुयायियों के उत्पात के चलते पंचकूला में 29 लोगों की मौत हो गई और 250 से ज्यादा लोग घायल हो गए। दो आईपीएस अधिकारियों समेत 60 से ज्यादा पुलिसकर्मी घायल भी हो गए। एक वरिष्ठ अधिकारी ने आज कहा, ‘‘स्थिति तनावपूर्ण है लेकिन नियंत्रण में है।’’ डेरा समर्थकों द्वारा शुक्रवार को वाहनों और सरकारी संपत्ति को आग लगाए जाने और सुरक्षा बलों के साथ उनकी मुठभेड़ के बाद स्थानीय लोगों ने कल अपने आप को अपने घरों में बंद कर लिया था। इन लोगों ने कल के मंजर को एक भयावह सपना बताया।

एक स्थानीय युवक ने कहा, ‘‘धारा 144 के तहत निषेधाज्ञा जारी होने के बावजूद हजारों लोग यहां पहुंच कैसे गए?’’ एक अन्य निवासी एवं वरिष्ठ नागरिक ने कहा कि उन्होंने पंचकूला में अब से पहले ऐसा कभी नहीं देखा। यह तो एक शांतिपूर्ण शहर रहा है, जिसके पीछे की ओर शिवालिक की पहाड़ियां दिखाई देती हैं। उन्होंने कहा, ‘‘इस स्थिति की वजह से हम अपने ही घरों में बंधकों की तरह बंद रहे। ऐसे हालात पैदा होने से पहले ही उन्हें रोका जा सकता था। हमारे बच्चों में अब भी डर बैठा हुआ है। वे बाहर निकलने में भी डर रहे हैं। इसके लिए कौन जिम्मेदार है।

इस बीच, पंजाब के भी कुछ शहरों में भी कर्फ्यू में ढील दे दी गई। कल एहतियात के तौर पर यहां कर्फ्यू लगाया गया था। पंजाब की मालवा पट्टी में डेरा के कई अनुयायी हैं। इस पट्टी के तहत पटियाला, मोगा, फिरोजपुर और बठिंडा आते हैं।

राज्‍यों से जुड़ी हर खबर और देश-दुनिया की ताजा खबरें पढ़ने के लिए नार्थ इंडिया स्टेट्समैन से जुड़े। साथ ही लेटेस्‍ट हि‍न्‍दी खबर से जुड़ी जानकारी के लि‍ये हमारा ऐप को डाउनलोड करें।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

Back to top button

sbobet

mahjong slot

Power of Ninja

slot garansi kekalahan 100

slot88

spaceman slot

https://www.saymynail.com/

slot starlight princess

https://moolchandkidneyhospital.com/

bonus new member

rtp slot

https://realpolitics.gr/

slot 10 ribu

slot gacor

https://ceriabetgacor.com/