
बसंत पंचमी का पर्व ज्ञान, विद्या, संगीत और कला की देवी मां सरस्वती को समर्पित है। इस बार 23 जनवरी 2026 को बसंत पंचमी का त्योहार मनाया जा रहा है। यह दिन न केवल ऋतु परिवर्तन का संकेत देता है बल्कि जीवन में नई शुरुआत, सकारात्मक ऊर्जा और बौद्धिक विकास का भी प्रतीक माना जाता है। धार्मिक मान्यता के अनुसार, बसंत पंचमी के दिन किए गए कुछ शुभ कार्य और उपाय विशेष रुप से फलदायी माने जाते हैं। अगर आप भी नौकरी में प्रमोशन, करियर में तरक्की, प्रतियोगी परीक्षाओं में सफलता या कार्यक्षेत्र में मान-सम्मान की कामना करते हैं, तो इस दिन बस ये उपाय जरुर करें। ज्योतिष के अनुसारस बसंत पंचमी पर माता सरस्वती की कृपा से बुद्धि, वाणी और निर्णय क्षमता मजबूत होती है, जिसका सीधे तौर पर प्रभाव व्यक्ति के करियर और पेशेवर जीवन पर पड़ता है। आइए आपको बताते हैं नौकरी में प्रमोशन और करियर सफलता पाने के कुछ खास उपाय।
सरस्वती वंदना लिखें
बसंत पंचमी 2026 में बुध मकर राशि में वक्री अवस्था में है और गुरु भी मिथुन में वक्री है। इससे साफ स्पष्ट होता है कि आपके जीवन में करियर की अधिकांश रुकावेंट सिर्फ आपकी सोच की वजह से हैं। यह सभी आपकी निर्णय लेने की प्रक्रिया से जुड़ी है। ऐसे में सफेद कागज पर पीले पेन से सरस्वती वंदन या ‘ॐ ऐं सरस्वत्यै नमः’ मंत्र लिखना बुध और गुरु दोनों को संतुलित करता है। इसका अभ्यास विचारों को क्रम में लाता है और लंबे समय से अटके करियर निर्णय को स्पष्ट दिशा प्रदान करता है।
गुरु-केंद्रित उपाय करें
2026 में शनि और चंद्र का मीन राशि में होना यह संकेत देता है कि करियर में आगे बढ़ने के लिए भावनात्मक संतुलन और उचित मार्गदर्शन बेहद जरूरी रहेगा। बसंत पंचमी के अवसर पर अपने गुरु या मेंटर के प्रति धन्यवाद व्यक्त करें, उन्हें पीले रंग के वस्त्र भेंट करें और किसी जरूरतमंद विद्यार्थी या शिक्षक को पुस्तकें या पढ़ाई से संबंधित इलेक्ट्रॉनिक उपकरण दान करें। यह उपाय गुरु और शनि के बीच सामंजस्य को मजबूत करता है, जिससे करियर में सही समय पर सही सलाह और सहयोग मिलने की संभावना बढ़ती है।
पीली चीजों का इस्तेमाल करें
इस बंसत पंचमी के दिन सूर्य, मंगल, बुध और शुक्र मकर राशि में हैं, जो करियर में अनुशासन, जिम्मेदारी और परिपक्व निर्णय की मांग करते हैं। पीले वस्त्र पहनकर, पीले आसन पर बैठकर पूजा या अध्ययन करें और माता सरस्वती को पीले पुष्प अर्पित करें। इसके अतिरिक्त माता सरस्वती को पीले मिष्ठान का भोग जरुर लगाएं और पीले फल चढ़ाएं तो इससे गुरु तत्व सक्रिय होता है। वक्री गुरु के प्रभाव में यह उपाय विशेष रूप से उन लोगों के लिए उपयोगी हो सकता है जो निर्णय लेने में असमंजस महसूस करते हैं या बार-बार अपनी दिशा बदलते हैं।
दूसरों की मदद करें
इस समय केतु सिंह राशि में है जो आपके अहंकार को छोड़कर सेवा और वास्तिवक सीख की ओर बढ़ने का संकेत देता है, जबकि वक्री गुरु यह स्पष्ट करता है कि साल 2026 में करियर ग्रोथ नई डिग्री से नहीं, बल्कि सही स्किल से आएगी। बसंत पंचमी पर किसी विद्यार्थी या जूनियर की सहयाता करना और साथ ही किसी मान्यता प्राप्त संस्थान से नया कोर्स या स्किल सीखने का संकल्प लेना इस ग्रह योग को सकारात्मक दिशा दे सकता है। इस उपाय के करने से करियर में दीर्घकालिक प्रोग्रेस और सम्मान की नींव बनाने में मदद करती है।



