विविध

अस्पताल ने HIV पीड़िता का प्रसव कराने से किया इंकार

[tta_listen_btn listen_text="खबर सुनें" pause_text="Pause" resume_text="Resume" replay_text="Replay" start_text="Start" stop_text="Stop"]

टीकमगढ़ (मप्र)। HIV संक्रमित होने के कारण जिला अस्पताल ने गर्भवती महिला का प्रसव कराने से कथित तौर पर इंकार कर दिया। इसके बाद महिला ने अस्पताल परिसर में ही जुड़वा बच्चियों को जन्म दिया, लेकिन कुछ देर बाद ही दोनों बच्चियों की मौत हो गयी। हालांकि, अस्पताल प्रबंधन ने एचआईवी संक्रमित होने के कारण गर्भवती महिला का इलाज नहीं करने की घटना से इंकार किया है।

22 वर्षीय महिला के पति ने अस्पताल प्रबंधन पर आरोप लगाया, ‘‘एचआईवी संक्रमित होने के कारण डॉक्टरों ने मेरी पत्नी और नवजात बच्चियों का उपचार नहीं किया। डॉक्टरो ने मुझे बताया कि एचआईवी संक्रमण होने के कारण वह इलाज नहीं कर सकते हैं। यदि मेरी नवजात बच्चियों को समय पर उपचार मिलता तो उन्हें बचाया जा सकता था।’’ इस संबंध में जिला चिकित्सालय के सिविल सर्जन डॉ रमेश दंडोतिया ने बताया, ‘‘दोनों बच्चियां सात माह की (प्रीमेच्योर) थीं और प्रसव के समय उनका वजन प्रत्येक का मात्र 500 ग्राम था, जबकि सामान्य तौर पर नवजात बच्चे का वजन 1500 ग्राम होना चाहिये।’’

उन्होंने बताया कि महिला के परिजन को प्रसव पूर्व ही बताया गया था कि गर्भ में बच्चे अविकसित है और प्रसव के उपरांत संसाधनों के अभाव में उनको बचाना सम्भव नहीं होगा। यदि परिजन चाहे तो महिला को प्रसव के लिए झांसी या किसी बड़े शहर में ले जा सकते हैं लेकिन महिला के परिजन यहां चिकित्सालय में ही प्रसव करना चाहते थे। उन्होंने इन आरोपों को भी सिरे से खारिज कर दिया कि महिला की संक्रमित गंभीर बीमारी के कारण उसका और नवजात बच्चियों का उपचार नहीं किया गया। सिविल सर्जन ने कहा कि प्रसव के बाद उक्त महिला जिला अस्पताल में ही भर्ती है और उसका समुचित उपचार किया जा रहा है।

राज्‍यों से जुड़ी हर खबर और देश-दुनिया की ताजा खबरें पढ़ने के लिए नार्थ इंडिया स्टेट्समैन से जुड़े। साथ ही लेटेस्‍ट हि‍न्‍दी खबर से जुड़ी जानकारी के लि‍ये हमारा ऐप को डाउनलोड करें।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

Back to top button