
Tamannaah Bhatia बनीं ब्रांड एंबेसडर, ‘गैर-कन्नड़’ चेहरे को लेकर छिड़ी सियासी जंग
कर्नाटक के प्रतिष्ठित और सदियों पुराने ब्रांड ‘मैसूर सैंडल सोप’ (Mysore Sandal Soap) को लेकर राज्य में एक नया विवाद खड़ा हो गया है। राज्य के स्वामित्व वाली कंपनी कर्नाटक सोप्स एंड डिटर्जेंट्स लिमिटेड (KSDL) ने अभिनेत्री तमन्ना भाटिया को अपना नया ब्रांड एंबेसडर चुना है। मंगलवार को उन्होंने औपचारिक रूप से अपनी भूमिका संभाल ली, लेकिन उनके ‘गैर-कन्नड़’ होने को लेकर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) और कई स्थानीय संगठनों ने विरोध शुरू कर दिया है।
विरोध करने वालों ने प्रसिद्ध साबुन का प्रतिनिधित्व करने के लिए एक गैर-कन्नड़ भाषी अभिनेत्री को चुने जाने पर सवाल उठाया है। सरकार ने अपने इस फैसले का बचाव करते हुए कहा कि भाटिया का चयन योग्यता और व्यावसायिक विचार-विमर्श के आधार पर किया गया। राज्य के स्वामित्व वाली ‘कर्नाटक सोप्स एंड डिटर्जेंट्स लिमिटेड’ (केएसडीएल) द्वारा निर्मित उत्पादों की बाजार में उपस्थिति को मजबूत करने के प्रयासों के तहत भाटिया का कंपनी की ब्रांड एंबेसडर के रूप में दो साल का कार्यकाल मंगलवार से शुरू हो गया।
केएसडीएल एक ऐसा संगठन है जिसकी विरासत एक सदी से अधिक पुरानी है। भाटिया ने बेंगलुरु में आयोजित एक कार्यक्रम में संगठन के 57 उत्पादों का अनावरण किया, जिनमें ‘मैसूर सैंडल सोप’ भी शामिल है, जिसे अब एक नयी और आधुनिक पैकेजिंग में पेश किया गया है। जिन उत्पादों को नयी पैकेजिंग प्रदान की गई है उनमें चंदन का तेल, चमेली के सुगंध वाले साबुन, इत्र, टूथपेस्ट, नारियल तेल, पेट्रोलियम जेली और जैविक उत्पाद शामिल हैं।
इस अवसर पर भाटिया को दर्शाते कई विज्ञापन भी जारी किए गए। इसके अलावा संगठन की समृद्ध विरासत का वर्णन करने वाली दो ‘कॉफी टेबल बुक’ – सुगंधा सिरी और एरोमैटिक जर्नीज – का विमोचन किया गया। इस अवसर पर भाटिया ने कहा, ‘‘मैसूर सैंडल सोप सिर्फ एक साबुन नहीं है। यह भावनाओं, बचपन की और पुरानी यादों से गहराई से जुड़ा हुआ है। यह शुद्धता और प्रामाणिकता का एक आदर्श मिश्रण है। यह साबुन लोगों के दिलों में एक विशेष स्थान रखता है और इस संस्था के ब्रांड एंबेसडर के रूप में जुड़ना मेरे लिए सौभाग्य की बात है।



