PM Modi के भरोसेमंद अफसर, जिन्होंने संभाली देश की Economy, जानें कौन हैं Shaktikanta Das
भारतीय रिजर्व बैंक के पूर्व गवर्नर शक्तिकांत दास आज यानी की 26 फरवरी को अपना 69वां जन्मदिन मना रहे हैं। आरबीआई के 25वें गवर्नर के रूप में शक्तिकांत दास ने कई उपलब्धियां हासिल की थीं। इस दौरान वह कई अहम पदों पर भी रहे हैं। उन्होंने नोटबंदी और जीएसटी में अहम भूमिका निभाई थी। वहीं विभिन्न अंतरराष्ट्रीय मंचों पर भारत का प्रतिनिधित्व भी किया है। उनको प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के पसंदीदा अधिकारियों में गिना जाता है। तो आइए जानते हैं उनके जन्मदिन के मौके पर आरबीआई के पूर्व गवर्नर शक्तिकांत दास के जीवन से जुड़ी कुछ रोचक बातों के बारे में.
जन्म और शिक्षा
ओडिशा में 26 फरवरी 1957 को शक्तिकांत दास का जन्म हुआ था। वहीं उन्होंने दिल्ली यूनिवर्सिटी के सेंट स्टीफंस कॉलेज से इतिहास में ग्रेजुएशन किया था। फिर यहीं से उन्होंने पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल की। शक्तिकांत दास में ब्रिटेन के बर्मिंघम यूनिवर्सिटी से लोक प्रशासन में मास्टर डिग्री भी प्राप्त की है।
शक्तिकांत दास इतिहास विषय में एम ए पासआउट हैं। वह तमिलनाडु कैडर के IAS अधिकारी रहे हैं। उन्होंने भारत सरकार और तमिलनाडु सरकार दोनों के लिए विभिन्न पदों पर भी काम किया है। इसके अलावा शक्तिकांत दास वित्त मंत्रालय के डिपार्टमेंट ऑफ इकोनॉमिक अफेयर्स में जॉइंट सेक्रेटरी बजट, तमिलनाडु के इंडस्ट्रीज डिपार्टमेंट में सेक्रेटरी, तमिलनाडु सरकार के राजस्व विभाग में कमिश्नर और स्पेशल कमिश्नर और अन्य विभिन्न पदों पर रह चुके हैं।
साल 2008 में पहली बार शक्तिकांत दास वित्त मंत्रालय में संयुक्त सचिव बने, जब पी चिदंबरम वित्त मंत्री थे। फिर साल 2014 में उनको रसायन और उर्वरक मंत्रालय में सचिव बनाया गया। अरुण जेटली के कार्यकाल के दौरान 2015 से 2017 के बीच उनको वित्त मंत्रालय में आर्थिक मामलों के सचिव के रूप में नियुक्त किया गया था।
आरबीआई के 25वें गवर्नर
साल 2018 में शक्तिकांत दास को आरबीआई के 25वें गवर्नर के रूप में नियुक्त किया गया। दास ने उर्जित पटेल की जगह ली थी। वहीं दिसंबर 2021 में शक्तिकांत दास का कार्यकाल समाप्त हो रहा था, जिसके बाद सरकार ने उनके कार्यकाल को 3 सालों के लिए और बढ़ा दिया गया था। वह दिसंबर 2024 तक आरबीआई के गवर्वर के पद पर बने रहे। इसके साथ ही वह वित्त आयोग के सदस्य भी रह चुके हैं। वह साल 2017 में G20 में भारत के शेरपा भी रहे हैं।
नोटबंदी से जीएसटी लागू करने में भूमिका निभाई
नवंबर 2016 की नोटबंदी के बाद आर्थिक मामलों के सचिव के रूप में शक्तिकांत दास नियमित रूप से प्रेस कॉन्फ्रेंस में भी दिखाई दिए। इसके अलावा शक्तिकांत दास ने जीएसटी को लागू करने में अहम भूमिका निभाई थी। शक्तिकांत दास को 4 भाषाओं का ज्ञान है, वह तमिल, उड़िया, हिंदी और अंग्रेजी में बात कर सकते हैं।



