गूगल क्लाउड के साथ CM योगी ने की बैठक, AI से बदलेगा UP का विकास मॉडल
उत्तर प्रदेश को तकनीक आधारित अर्थव्यवस्था और डिजिटल गवर्नेंस का अग्रणी केंद्र बनाने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बुधवार को बेंगलुरु में वैश्विक प्रौद्योगिकी कंपनियों और निवेशकों के साथ महत्वपूर्ण बैठकें कीं। इसी क्रम में उन्होंने गूगल क्लाउड के मुख्य प्रौद्योगिकी अधिकारी (सीटीओ) तरुण पंत और उनकी टीम के साथ विस्तृत चर्चा की।
बैठक में कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई), क्लाउड कंप्यूटिंग, डिजिटल गवर्नेंस, कृषि नवाचार, स्टार्टअप इकोसिस्टम और युवाओं के लिए तकनीक आधारित रोजगार के अवसरों पर व्यापक विचार-विमर्श हुआ। मुख्यमंत्री ने कहा कि विकसित उत्तर प्रदेश के विजन को वैश्विक तकनीकी क्षमताओं से जोड़कर राज्य को नवाचार और निवेश का प्रमुख केंद्र बनाया जाएगा।
बैठक के दौरान किसानों, युवाओं, स्टार्टअप उद्यमियों और एमएसएमई क्षेत्र को एआई तथा क्लाउड आधारित समाधानों से जोड़ने के संभावित रोडमैप पर चर्चा हुई। साथ ही डिजिटल सेवाओं के विस्तार, सरकारी प्रक्रियाओं के सरलीकरण और तकनीक आधारित आर्थिक विकास को गति देने पर भी सहमति बनी।
गूगल इंडिया की टीम ने चर्चा को सार्थक बताते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश के विकास के लिए एक स्पष्ट और दूरदर्शी रोडमैप प्रस्तुत किया गया है। कंपनी ने राज्य में डिजिटल परिवर्तन को आगे बढ़ाने के लिए सहयोग जारी रखने की प्रतिबद्धता भी जताई।
मुख्यमंत्री ने इस दौरान निवेश और तकनीकी क्षेत्र के कई प्रमुख उद्योगपतियों एवं निवेशकों से भी मुलाकात की। इनमें वेस्टब्रिज कैपिटल के संदीप सिंघल, एक्सेल पार्टनर्स के प्रशांत प्रकाश, इनमोबी के पीयूष शाह, एनवीडिया दक्षिण एशिया के प्रबंध निदेशक विशाल धूपर, ब्लैकस्टोन तथा अन्य तकनीकी कंपनियों के प्रतिनिधि शामिल रहे।
उद्योग जगत के प्रतिनिधियों ने उत्तर प्रदेश की बेहतर कानून-व्यवस्था, मजबूत आधारभूत संरचना और निवेशक-अनुकूल नीतियों की सराहना करते हुए राज्य को भविष्य के तकनीकी निवेश का प्रमुख केंद्र बताया।
बैठक में इन मुद्दों पर हुई चर्चा
• आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) और क्लाउड कंप्यूटिंग
• डिजिटल गवर्नेंस और ई-सेवाओं का विस्तार
• कृषि क्षेत्र में तकनीकी नवाचार
• स्टार्टअप और एमएसएमई को तकनीकी सहायता
• युवाओं के लिए कौशल विकास और रोजगार
• सरकारी प्रक्रियाओं का सरलीकरण
• निवेश और नवाचार आधारित आर्थिक विकास
यूपी को ट्रिलियन डॉलर अर्थव्यवस्था बनाने पर जोर
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि उत्तर प्रदेश एक्सप्रेसवे नेटवर्क, आधुनिक एयरपोर्ट, औद्योगिक कॉरिडोर और 25 से अधिक सेक्टोरल नीतियों के बल पर निवेश और तकनीक आधारित विकास का नया केंद्र बन रहा है। उन्होंने बताया कि ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट-2023 में राज्य को लगभग 40 लाख करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए थे, जिन पर तेजी से कार्य किया जा रहा है। राज्य सरकार का लक्ष्य वर्ष 2027 तक उत्तर प्रदेश को एक ट्रिलियन डॉलर अर्थव्यवस्था के रूप में स्थापित करना है, जिसमें तकनीक, नवाचार और निवेश की महत्वपूर्ण भूमिका होगी।



