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CCTV के लिए स्टेट लेवल ओवर साइट कमेटी का गठन

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पुलिस थानों में CCTV  कैमरे लगाए जाने के मामले में एक्टिविस्ट उर्वशी ने लगाई RTI तो गृह विभाग ने आनन-फानन बनाई स्टेट लेवल ओवरसाइट कमेटी

RTI-activist-Urvashi-Sharma
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सुप्रीम कोर्ट की साल 2018 की गाइडलाइन के अनुसार उत्तर प्रदेश के समस्त थानों में सीसीटीवी लगाए जाने के काम की निगरानी करने के लिए राज्य स्तर पर ओवरसाइट कमेटी के गठन का मामला लम्बे समय से ठन्डे बस्ते में पड़ा था, लेकिन जब लखनऊ स्थित समाजसेविका और आरटीआई एक्टिविस्ट उर्वशी शर्मा ने सूचना का अधिकार कानून का प्रयोग करके बीते साल के दिसम्बर महीने की 18 तारीख को उत्तर प्रदेश के गृह विभाग में अर्जी डाली तो सूबे के सोये पड़े गृह विभाग के अपर मुख्य सचिव अवनीश कुमार अवस्थी ने आनन फानन में बीती 6 जनवरी को सचिव गृह विभाग के अध्यक्षता में 4 सदस्यीय स्टेट लेवल ओवरसाइट कमेटी का गठन करके बीती 8 जनवरी के पत्र के माध्यम से उर्वशी को पत्र भेजकर सूचना भी भेज दी है।

उर्वशी बताती हैं कि सुप्रीम कोर्ट ने साल 2018 में  Shafhi Mohammad v. State of Himachal Pradesh ( 2018 ) 5 SCC 311, 2018 मामले में सभी थानों में सीसीटीवी कैमरे लगाने और इस कार्य का पर्यवेक्षण करने के लिए ओवरसाइट कमेटियों के गठन के सम्बन्ध में विस्तृत दिशानिर्देश जारी किये थे। इसके बाद सुप्रीम कोर्ट ने परमवीर सिंह सैनी बनाम बलजीत सिंह व अन्य मामले में
बीते साल के सितम्बर महीने में सभी राज्य सरकारों और संघ क्षेत्रों को पार्टी बनाते हुए उनसे शफ्ही मोहम्मद मामले के अनुसार थानों में सीसीटीवी कैमरे लगाने और ओवरसाइट कमेटियों के गठन पर जबाब माँगा था। इस सम्बन्ध में बीते साल के नवम्बर महीने तक 14 राज्यों ने सुप्रीम कोर्ट में अपना
जबाब दिया था जिनमें उत्तर प्रदेश भी शामिल था। उर्वशी ने एक विशेष बातचीत में बताया कि जब उनको पता चला कि सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाबजूद मानवाधिकार संरक्षण के इस महत्वपूर्ण मामले में प्रदेश सरकार सोई पड़ी है, तो उन्होंने सूचना के अधिकार के तहत अर्जी दी जिसके बाद प्रदेश सरकार ने कार्यवाही की है।

यूपी के गृह पुलिस अनुभाग – 7 के अनुभाग अधिकारी और जनसूचना अधिकारी के0 एन0 दुबे ने समाजसेविका उर्वशी को यह भी बताया है कि उच्चतम न्यायालय के आदेश के अनुपालन में प्रदेश के समस्त थानों में सीसीटीवी कैमरे लगाए जाने के सम्बन्ध में वित्तीय व्ययभार आंकलित करने आदि के सम्बन्ध में कार्यवाही प्रक्रियाधीन है और इस सम्बन्ध में वित्तीय स्वीकृति निर्गत होने पर स्वीकृति संबंधी शासनादेश गृह विभाग की वेबसाइट पर अपलोड करा दिए जायेंगे।

पारदर्शिता, जबाबदेही और मानवाधिकार संरक्षण के क्षेत्र में काम कर रही देश की नामचीन समाजसेविकाओं में से एक उर्वशी शर्मा कहती है कि वे लम्बे समय से पुलिस थानों, अदालतों, ट्रिब्यूनलों, आयोगों और सरकारी कार्यालयों में सीसीटीवी कैमरे लगवाने की मुहिम चला रही हैं और इस सम्बन्ध में हाई कोर्ट भी जा चुकी हैं। उर्वशी ने बताया कि वे सूबे के सीएम योगी को पत्र भेजकर उत्तर प्रदेश के सभी पुलिस थानों में सीसीटीवी लगाए जाने के काम अपनी निगरानी में जल्द से जल्द पूरा कराये जाने का अनुरोध करेंगी।

 

ये है स्टेट लेवल ओवरसाइट कमेटी।

1. सचिव, गृह विभाग (अध्यक्ष)

2. विशेष सचिव वित्त विभाग (सदस्य)

3. पुलिस महानिरीक्षक मुख्यालय (सदस्य)

4. अध्यक्ष राज्य महिला आयोग द्वारा नामित सदस्य (सदस्य)

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